CG HISTORY – छत्तीसगढ़ का वाकाटक काल
दक्षिणापथ स्वामी सातवाहनों की शक्ति क्षीण होने के बाद वाकाटकों ने दक्कन में अपना राज्य स्थापित किया। वाकाटक नरेश प्रवरसेन I विस्तारवादी था और उसने दक्षिण कोशल के समूचे क्षेत्र पर अपना अधिकार स्थाप्त कर लिया था।
प्रवरसेन I के मरणोपरांत गुप्तों ने दक्षिण कोशल पर आधिपत्य स्थापित कर लिया। परवर्ती वाकाटक नरेश नरेन्द्र सेन ने फिर से दक्षिण कोशल पर वाकाटकों की प्रभुसत्ता स्थापित की।
वाकाटक-नल संघर्ष : वाकाटक नरेशों को बस्तर के कोरापुट क्षेत्र में राज्य करनेवाले नल शासकों से संघर्ष करना पड़ा।
